जिगरी दोस्त के बिना जीवन अधूरा लगता है।
दोस्ती ख़्वाब है और ख़्वाब की ता’बीर भी है
“तेरी दोस्ती और मेरा प्यार, दोनों साथ जिया जायें।”
यह वो खज़ाना है, जिसे कभी खोला नहीं जाता।
थे तो कमीने, लेकिन रौनक भी उन्हीं से थी।
हमारी दोस्ती की मिसाल तो हर किसी को चाहिए,
कभी जिसको दिल से चाहा Dosti Shayari था, अब वो दूर हो जाता।
“दोस्ती की डोर इतनी खास, हर दुख में देती है साथ।”
क्योंकि मेरा हर दोस्त मेरी तरह जबरदस्त होता।
हमारी दोस्ती में जितना प्यार है, उतनी शरारतें भी हैं,
न थी दुश्मनी किसी से, तेरी दोस्ती से पहले
क्या मैं इस शायरी का इस्तेमाल स्टेटस अपडेट या इंस्टाग्राम कैप्शन के लिए कर सकता हूँ?
पर अपनों से मिली बेवफाई ज़िंदगी बदल देती है।
वो दुनिया के किसी खजाने से भी नहीं मिलता है।